खालिस्तानी समूह ने दिल्ली में ब्रिक्स समिट के खिलाफ़ अभियान चलाया
तीन लोग गिरफ़्तार
निज संवाददाता : 'सिख्स फॉर जस्टिस' (एसएफजे)—जिसका नेतृत्व भगोड़ा खालिस्तानी उग्रवादी गुरपतवंत सिंह पन्नू करता है—ने देश की राजधानी दिल्ली के बीचों-बीच ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के खिलाफ एक अभियान शुरू किया है।
पन्नू के समर्थक शनिवार को दिल्ली और हरियाणा के सोनीपत जिले के बीच स्थित सिंघु बॉर्डर पर जमा हुए और ब्रिक्स व भारत के खिलाफ नारे लगाए। उस जगह पर भारत-विरोधी ग्रैफिटी (दीवार पर लिखी बातें/चित्र) भी देखी गई। जानकारी मिलने पर दिल्ली पुलिस ने कार्रवाई की और तीन लोगों को गिरफ्तार किया। समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने घटना की जांच की और वीडियो फुटेज की मदद से आरोपियों की पहचान की।
एसएफजे प्रमुख पन्नू ने शनिवार को सोशल मीडिया पर इस घटना की जिम्मेदारी ली। उसने यह भी दावा किया कि सिंघु बॉर्डर पर दीवार पर विवादित ग्रैफिटी 6 सितंबर को बनाई गई थी। गौरतलब है कि कनाडा में रहने वाले इस खालिस्तानी नेता ने पहले 2022 में उस देश में रहने वाले हिंदुओं पर हमले की धमकी दी थी। इसके बाद, एनआईए ने चंडीगढ़ में उसका घर और अमृतसर में उसकी जमीन जब्त कर ली थी। पन्नू के खिलाफ पंजाब में 22 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें से तीन देशद्रोह के हैं। कनाडा के अलावा, एसएफजे पर अमेरिका और यूनाइटेड किंगडम में भारतीय दूतावासों पर हमले से जुड़े आरोप भी हैं।
