बेटी के हल्दी समारोह के दिन आग में झुलसी महिला
इलाज के बावजूद हो गई मौत
निज संवाददाता : कोलकाता के श्यामबाजार में रहने वाली 61 साल की सुष्मिता दास की बेटी के शादी के कार्यक्रम के दौरान एक दर्दनाक हादसा हुआ। महिला की मृत्यु उस समय हुई जब हल्दी समारोह के दौरान अचानक उनके शरीर में आग लग गई। घटना के तुरंत बाद उन्हें गंभीर अवस्था में एसएसकेएम अस्पताल ले जाया गया और बाद में बेहतर इलाज के लिए एम आर बांगुर अस्पताल के बर्न यूनिट में स्थानांतरित किया गया। पांच दिन तक अस्पताल में इलाज के बावजूद सुष्मिता दास की मृत्यु हो गई।
जानकारी के मुताबिक, यह हादसा पिछले गुरुवार को सेंट पॉल कैथेड्रल चर्च के पेरिस हॉल में हुआ। परिवार के सूत्रों ने बताया कि हल्दी समारोह के दौरान अचानक महिला के शरीर में आग फैल गई। गंभीर रूप से घायल अवस्था में उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की।
सुष्मिता दास ने मृत्यु से पहले अपने बयान में इस हादसे के लिए किसी को दोषी नहीं ठहराया। परिवार ने भी घटना को दुर्भाग्यपूर्ण और अचानक बताया। घटना के बाद उल्टाडांगा थाना ने जांच शुरू कर दी है और मामले की गंभीरता को देखते हुए अधिकारियों ने घटना स्थल और संबंधित लोगों से पूछताछ की।
यह हादसा न केवल परिवार के लिए बल्कि समारोह में मौजूद अन्य लोगों के लिए भी शॉकिंग रहा। हल्दी समारोह आमतौर पर खुशी और उत्साह का अवसर होता है, लेकिन इस घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया। आसपास मौजूद लोग घटना के समय मदद के लिए दौड़े और महिला को तुरंत अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि आग के कारण महिला के शरीर के महत्वपूर्ण अंगों को गंभीर नुकसान पहुंचा था, जिसे बचाना मुश्किल था। पांच दिन तक इलाज के बावजूद उनकी हालत बिगड़ती गई और अंततः उन्होंने दम तोड़ दिया।
