तसलीमा के सीजेपी प्रोटेस्ट की तुलना बांग्लादेश से करने पर
अभिजीत दीपके ने कहा - हम अलग हैं
निज संवाददाता : कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन की बांग्लादेश और नेपाल से तुलना करने पर कहा कि यह सीजेपी के आंदोलन को बदनाम करने की साजिश है। दीपके ने कहा कि हम अलग हैं। बांग्लादेशी लेखिका तसलीमा नसरीन ने सीजेपी के प्रदर्शन की बांग्लादेश से तुलना की थी। तसलीमा ने यह भी कहा था कि उन्हें सीजेपी का प्रदर्शन ठीक नहीं लगा।
'हिन्दुस्तान टाइम्स' की रिपोर्ट के मुताबिक अभिजीत दीपके ने कहा-कॉकरोच जनता पार्टी की जिम्मेदारी अब बढ़ गई है। सीजेपी पूरे देश में प्रदर्शन कर रहे छात्रों को लीड करेगी। हम जल्द ही अपनी टीम को बढ़ाएंगे। दीपके ने इससे पहले नीट पेपर लीक में आत्महत्या करने वाले छात्रों का जिक्र करते हुए कहा था कि उनके परिवारों को अभी तक सरकार ने एक करोड़ रुपए नहीं दिया है। सीजेपी ने प्रदर्शन के दौरान सरकार से यह मांग भी की थी।
तसलीमा नसरीन ने सीजेपी के विरोध प्रदर्शन का जिक्र करते हुए बांग्लादेश में हुए प्रदर्शन का जिक्र किया था। उन्होंने कहा था-यह ठीक वैसा ही था, जैसा की बांग्लादेश में छात्रों ने बेवकूफ बनाया था। हमने सोचा था कि छात्र कोटा सिस्टम के खिलाफ हैं और इसके विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। शेख हसीना उनकी मांगों को मान गई थीं, लेकिन फिर सरकार को झुकना पड़ा। बाद में पता चला कि प्रदर्शन के पीछे जिहादियों का हाथ था। बांग्लादेश का इस तरह गिरना, ठीक नहीं था। देश पर जिहादियों ने कब्जा कर लिया।
अभिजीत दीपके ने सोमवार को कहा-मैंने पहले ही कहा था कि बाहर से गुंडे भेजे जाएंगे, ताकि उनका इस्तेमाल करके सीजेपी को बदनाम किया जाएगा। हम संविधान के रास्ते पर चलने वाले हैं। ये बाहर से भेजे हुए गुंडे थे, जिनकी प्लानिंग दिल्ली पुलिस के साथ थी। जंतर-मंतर, जहां मेरी बिना चेकिंग एंट्री नहीं होती थी, तो इतने अपराधियों को कहां से एंट्री मिली। 19 जुलाई की रात को दिल्ली पुलिस ने स्टेज के पीछे पत्थरों से भरा ट्रक खड़ा कर रखा था। एक टूटी हुई वैन पहले से रखी थी। दिल्ली पुलिस ने पहले से प्लानिंग की थी।
