बिहार में जनगणना 2027 की तारीखों का ऐलान,
दो चरणों में पूरा होगा सर्वेक्षण
बिहार : बिहार में 2027 की जनगणना दो चरणों में होगी। पहला चरण 17 अप्रैल से 1 मई और दूसरा चरण 2 से 31 मई तक चलेगा। कार्य जनगणना अधिनियम 1946 के तहत गोपनीय रहेगा।
बिहार में जनगणना की तारीखों का ऐलान कर दिया गया है। डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने शनिवार को घोषणा करते हुए बताया कि राज्य में जनगणना दो चरणों में, कुल 45 दिनों में पूरी की जाएगी।
डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने बताया कि जनगणना का काम राज्य के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के जनगणना कोषांग द्वारा संपन्न कराया जाएगा। पहले चरण का सर्वेक्षण 17 अप्रैल से 1 मई 2026 तक चलेगा। इसके बाद दूसरे चरण में घर-घर सर्वेक्षण और मकान सूचीकरण 2 मई से 31 मई 2026 तक किया जाएगा। डिप्टी सीएम ने कहा कि यह प्रक्रिया जनगणना अधिनियम, 1946 के तहत पूरी तरह गोपनीय तरीके से की जाएगी।
जनगणना 2027 में इस बार लोगों की संख्या के साथ-साथ उनकी जातियों की भी गिनती की जाएगी। केंद्र सरकार ने दो दिन पहले संसद में यह जानकारी देते हुए बताया कि भारत में जनगणना की प्रक्रिया दो चरणों में पूरी की जाती है। पहले चरण में मकानों का सूचीकरण किया जाता है, जिसमें प्रत्येक परिवार की आवासीय स्थिति, संपत्ति, उपलब्ध सुविधाओं और बुनियादी ढांचे से जुड़ी जानकारी एकत्र की जाती है।
दूसरे चरण में प्रत्येक व्यक्ति से जुड़ी जनसांख्यिकीय, सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक जानकारी जुटाई जाती है। इसी चरण के दौरान जाति से संबंधित प्रश्न भी शामिल किए जाएंगे। सरकार के अनुसार, इस प्रक्रिया के जरिए देश की सामाजिक संरचना को लेकर विस्तृत और प्रामाणिक आंकड़े तैयार किए जाएंगे।
